Categories

November 3, 2026

Suryoday Samvaad

Nayi Soch Nayi Disha

SERAIKELLA : सिस्टम फाड़कर चाण्डिल डैम पहुंच गए गजराज ! तोड़ डाला कैज…

बिष्णु पद महापात्र 📲 9471102055 (wa)

SERAIKELLA : आखिर सिस्टम से तंग आकर गजराज चाण्डिल डैम में उत्पात मचाने आ ही गए। उत्पात मचाकर न कि मत्स्य पालकों के क्षति ही किया बल्कि उनकी चीख विभाग के शीर्ष पदाधिकारियों तक पहुंचाने के लिए यह एक महत्वपूर्ण संदेश भी हो सकता है।

जिसके लिए शायद गजराजों के पास यही विकल्प था और उनके लिए अनुपलब्ध पर्याप्त भोजन व्यवस्था के कारण विभाग अगर इसे एक छोटी सी ट्रेलर ही समझे तो शायद बेहतर होगा। इसलिए कि हाथियों के झुंड महीनों से चाण्डिल डैम की आस पास की जंगल में डेरा डाले हुए हैं। जहाँ उन्हें पर्याप्त मात्रा में भोजन न मिल पाने की कारण प्रतिदिन सूरज के ढलते ही आस पास के गाँव मे धाबा बोलकर ऐसा उपद्रव मचाने लगता है कि लोगों को जान बचाकर भागने को विवश कर देता है।

इस दौरान खासकर गाँव के कई गरीबो की कच्चा मकान को निशाना बनाना और उसे क्षति पहुंचाकर या दीवार तोड़कर घर मे रखे धान चावल या अन्य खाद्य सामग्री को निवाला बना लेना यह तो आम बात सी हो गई है। यहाँ तक कि भोजन की तलाश में जंगल से गाँव के अलावा अब जन बहुल इलाका वाली चाण्डिल शहर में भी उत्पात मचा कर लोगों के क्षति पहुँचाकर गजराज अपने उपस्थिति दर्ज कर वन विभाग को सलामी दिया ।

लेकिन अब तक क्षेत्र में गजराजों की आतंक मचाने की सूचना पाने के बाद भी आखिर विभाग मौन क्यों है या उनका क्या विवशता है, जिसका वास्तविक वजह जानना वाकई असंभव है। यह घटना शुक्रवार की दोपहर को बताया जा रहा है जब चाण्डिल डैम जलाशय की किनारे सैलानियों ने चारों ओर हरियाली प्राकृतिक मनोरम दृश्य एवं घना पेड़ की शीतल छाया और डैम की विशाल जलाशय की शरारती नन्हे त्वरंग की लुफ्त उठाते हुए मनोरंजन कर रहे थे कि हाथियों के झुंड अन्य दिनों की तरह अचानक चाण्डिल डैम जलाशय में प्रवेश किया तथा जलक्रीड़ा करने लगे।

वहीं इसे देखकर सैलानियों ने हाथियों की झुंड से मात्र कुछ ही दूर से सेल्फी लेकर अपना अविस्मरणीय क्षण को कैद कर लिया। इधर बताया गया कि इस दौरान हाथियों ने मछली पालन के लिए बनाई गई कैज को भी तोड़ डाला। गनीमत है कि उस वक़्त कैज में कोई मछली पालक नहीं था वरना एक भयंकर हादसे की शिकार हो जाता।

बताते चलें कि वन विभाग को इसपर विशेष ध्यान देना चाहिए जिससे कि जंगली जानवरों की हमले से लोगो को बचाने के लिए, खासकर हाथियों को गांव या जनबहुल क्षेत्र से दूर रखने के लिए उचित और ठोस कदम उठाना चाहिए । ताकि क्षेत्र में लोग भयमुक्त होकर रह सकें।

About Author