NIMDIH : कुछ ही दिनों के अंतराल में नीमडीह क्षेत्र में दूसरी हाथी की मृत्यु से खोला वन विभाग का पोल…

बिष्णु पद महापात्र 📲 9471102055 (wa)
SERAIKELLA : सरायकेला-खरसवाँ जिले की नीमडीह प्रखण्ड क्षेत्र में एक हाथी की संदिग्ध अवस्था में मृत्यु हो जाने की कारण का पता भी नहीं चल पाया कि कुछ ही दिनों के भीतर अब इसी क्षेत्र में दूसरी हाथी ने दम तोड़ दिया। यह खबर क्षेत्र में आग की तरह फैल गई और लोगों में तरह तरह की चर्चा हो रही है।
विदित हो कि नीमडीह थाना क्षेत्र की हेवेन गाँव मे बुधवार की प्रातः ग्रामीणों ने एक मृत हाथी को देखा । सूत्रों से मिली जानकारी के मुताविक यह हाथियों के झुंड से बिछड़कर खेत मे भोजन की तलाश में ही रह गया और सभी हाथी छोड़कर चली गई जिसे ग्रामीणों ने भी खेत की ओर जाते हुए देखा तथा अंदाजा लगाया गया कि इसकी मृत्यु मंगलबार रात करीब 2 बजे के बाद हुआ होगा।
पिछलीबार भी मृत हाथी पर यह अंदेशा था कि किसान द्वारा पौधों में रासायनिक छिड़काव किया गया था, उस विषैला पौधों को भोजन किया इसलिए हाथी की मृत्यु हो गया था। लेकिन इसका सठीक कारण अब तक पता नहीं चल पाया। रही बात गज परियोजना की तो इस पर प्रश्न उठता है की यह परियोजना के तहत विभाग ने आखिर हाथियों को नियंत्रण करने में विफल क्यों हो रहे हैं।
दलमा अभ्यारण्य में जब आश्रय, भोजन और पानी की व्यवस्था है तो वहाँ छोड़कर हाथियों को भोजन की तलाश में क्यों गाँव की ओर जाना पड़ रहा है। माना जाय तो यह एक बहुत बड़ा मामला है। विभाग द्वारा इसकी यथाशीघ्र जाँच कराया जाना चाहिए ताकि क्षेत्र में हाथी और हाथी से ग्रामीण सुरक्षित रह सके।
